लिँग बढाने की आयुर्वेदिक दवा एवं औषधीय तरीके | Ling Badhane ki Ayurvedic dawa or aushdhiya tarike

लिँग बढाने की आयुर्वेदिक तरीका, दवा या लम्बाई एवं मोटाई बढ़ाने के लिए आयुर्वेद से बेहतर कोई विकल्प नहीं हो सकता | अगर आप लिंग की लम्बाई, मोटाई एवं साइज़ बढ़ाना चाहते है तो इस लेख में हम आपको आयुर्वेद के कुछ बेहतरीन दवाओं एवं औषधीय उपायों के बारे में बताएँगे |

क्या आपके लिंग में भी आ गया है छोटापन या आप लिंग की लम्बाई, मोटाई एवं तनाव बढ़ाना चाहते है? क्या आपके लिँग की भी नशें हो गई कमजोर तो लिँग की लम्बाई, मोटाई, एवं हार्डनेस बढ़ाने में बेहतरीन आयुर्वेदिक नुस्खों एवं घरेलु उपायों के साथ – साथ शास्त्रोक्त औषधीय दवाओं के बारे में भी आपको यहाँ जानने को मिलेगा |

इन सभी जानकारियों को जानने से पहले जान लेते है कि आखिर लिँग की ये समस्याएँ क्यों होती है | अर्थात क्या कारण है कि पुरुष अंग में टेढ़ापन, साइज़ का छोटा होना एवं कम तनाव आता है ?

लिँग बढाने की आयुर्वेदिक दवा एवं औषधीय तरीके

लिँग के छोटेपन के कारण क्या है ?

  • लिंग का छोटापन टेस्टोस्टेरोन हार्मोन की कमी के कारण हो सकता है |
  • प्रेडर विल्ली सिंड्रोम (Prader Willi Syndrome) के कारण |
  • टेस्टिकल्स द्वारा उचित प्रमाण में टेस्टोस्टेरोन हार्मोन का निर्माण न करना |
  • लिँग की नशे कमजोर हो जाना |
  • लिँग में प्रॉपर तनाव न आना |
  • इरेक्टाइल डिसफंक्शन के कारण तनाव की कमी |
  • उम्र बढ़ने के कारण |
  • विभिन्न कारणों से लिँग की नशे ख़राब होना |
  • लिँग में रक्त का प्रवाह ठीक ढंग से न हो पाना |
  • आयुर्वेद अनुसार अतिसंभोग भी इसका एक कारण है |
  • हस्तमैथुन की अधिकता के कारण या वेश्यागमन के कारण भी लिंग में छोटापन आ जाता है |

लिँग बढ़ाने की आवश्यकता क्यों है ?

निजी अंग के साइज़ को लेकर बहुत से लोग चिंतित रहते है | एक जानीमानि पत्रिका द्वारा किये गए अध्यन से पता चलता है कि लगभग 65% लोग अपने लिंग के आकार से नाखुश है | साथ ही भारतीय लोगों के लिंग का साइज़ इक्वेडोर देश के लोगों से काफी कम है | भारतियों का ओसतन 13.71 CM इरेक्ट लेंग्थ (Erect Length) है जो सबसे ज्यादा (Ecuador) 17.61 cm से काफी कम है |

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देखिये जो प्रकृति प्रदत साइज़ है उसे मेन्टेन रखना सुखी वैवाहिक जीवन के लिए आवश्यक है | कमजोर एवं छोटा लिंग स्त्री समागम के समय दोनों साथियों को असंतुष्ट रख सकता है | अगर आपके लिंग में प्रॉपर तनाव नहीं है या छोटापन है तो आप स्त्री समागम में पूर्ण रूप से कारगर नहीं होंगे | आप अपनी महिला साथी को सहवास में पूर्णत: संतुष्ट नहीं कर पाएंगे |

एक कहावत है अगर आपकी स्त्री साथी संतुष्ट नहीं है तो पारिवारिक खुशियाँ भी आपसे दूर है | संतुष्टि एवं सुख रूपए – पैसों या साजो सम्मान के अलावा शारीरिक रूप से भी आता है; अगर आप स्वस्थ है एवं अपने दैनिक कार्य कलापों में परिपूर्ण है तो सुख एवं संतुष्टि आपके कदम चूमती है |

अत: लिंग में आई इन कमजोरियों को दूर करना एक स्वस्थ पुरुष के लिए आवश्यक है | उसे चाहिए की वह घर परिवार को चलाने के साथ – साथ अपनी महिला साथी को शारीरिक सुख दे |

दूसरा सबसे महत्वपूर्ण लिँग पुरुषों का आधार है | क्योंकि पुरुषार्थ या वैवाहिक जीवन में संतानोत्पति एवं शारीरिक सुख भोगने के लिए विकार रहित जननेन्द्रियों की आवश्यकता होती है | अगर आपके लिंग या जननेन्द्रियों में कोई विकार उपस्थित है तो यह आपके सुखी वैवाहिक जीवन को धूमिल कर सकता है | इससे पति-पत्नी के रिश्ते में कड़वाहट आती है एवं समस्या गंभीर होने पर तलाक तक की स्थिति बन जाती है | अत: लिँग बढ़ाने की अर्थात विकार रहित एवं तनाव से भरपूर लिंग होना आवश्यक है |

लिँग बढ़ाने में आयुर्वेद कैसे उपयोगी है ?

आयुर्वेद अपने आप में एक विस्तृत विज्ञानं है | आज से हजारों वर्ष पहले से ही यौन दुर्बलताओं का उपचार आयुर्वेद द्वारा किया जाता रहा है | लम्बे समय से चली आ रही दुर्बलताओं को आयुर्वेद की वाजीकरण चिकित्सा द्वारा ठीक किया जाता रहा है | यह शुक्र दोष, यौन कमजोरी, लिंग का छोटापन, शीघ्रपतन, इरेक्शन की कमी आदि समस्याओं को ठीक करती है |

आयुर्वेद नुकसान रहित प्राकृतिक तरीको से लिंग की समस्या को ठीक करने में विश्वसनीय चिकित्सा पद्दति है | यहाँ हमने लिँग बढाने की आयुर्वेदिक दवा, तरीकों एवं औषधीय योगों के बारे में निचे बताया है | जिन्हें अपनाकर आप अपने लिंग की साइज़ बढ़ा सकते है साथ ही अन्य यौन कमजोरियों जैसे लिंग का छोटापन, तनाव की कमी एवं सहवास में कम समय की समस्या को पूर्णत: ठीक कर सकते है |

लिँग बढाने के 10 आयुर्वेदिक तरीके

निम्न आयुर्वेदिक तरीकों को अपनाकर लिँग की साइज़ एवं तनाव को बढाया जा सकता है | यहाँ कुछ आयुर्वेद के बेहतरीन तरीके जिनसे लिंग की साइज़ एवं आकार बढ़ता है |

1. अश्वगंधा, गोखरू एवं शतावरी का चूर्ण: इन तीनो को चूर्ण बनाकर समान मात्रा में मिलाकर सुबह – शाम दूध के साथ इस्तेमाल किया जाता है | अश्वगंधा में ताकत बढ़ाने एवं वीर्य को गाढ़ा करने वाले गुण, गोखरू सभी मूत्र विकारों में लाभदायक एवं शतावरी वीर्य को गाढ़ा करने में काम आती है | इन तीनों के चूर्ण को दूध के साथ प्रयोग करने से लिंग के विकार दूर होते है एवं तनाव आकर लिँग का साइज़ बढ़ता है |

2. शतावरी घृत से लिँग वृद्धि: आयुर्वेद औषधियों से घी को पकाकर औषधीय घृत तैयार किया जाता है | शतावरी घृत भी अत्यंत वाजीकारक औषधि है | अगर आपको लिँग बढाने की आयुर्वेदिक दवा के रूप में इसका उपयोग करना है तो इसे लिँग पर मस्साज करने एवं इस घृत को 5 से 10 ग्राम की मात्रा में खाने से लिंग की साइज़ बढ़ता है |

3. जिन्सेंग: जिन्सेंग एक चाइनीज जड़ी – बूटी है | इस जड़ी बूटी का प्रयोग लिंग बढ़ाने की अधिकतर दवाओ में किया जाता है | यह लिंग में रक्त प्रवाह को बढाकर साइज़ को बढाती है | जैसे ही लिंग में उचित प्रमाण में रक्त का प्रवाह होने लगता है; लिंग का साइज़ भी बढ़ने लगता है |

4. शहद और बेलपत्र: शुद्ध देशी शहद में बेलपत्र का स्वरस मिलाकर इसे एकसार करलें | अब इसे लिंग पर मस्साज करने से लिंग पुष्ट बनता है एवं लिंग की नशे मजबूत बनती है जिससे लिँग बढाने की आयुर्वेदिक उपाय हो जाता है |

5. शहद और सुहागा से बढ़ाएं लिँग: अगर आपका लिंग टेढ़ा एवं छोटा है तो शहद में सुहागा (जो पंसारी के पास आसानी से मिल जाता है) मिलाकर लिंग पर लेप करने से साइज़ बढ़ने लगता है | इसे 15 दिन तक उपयोग करने से परिणाम दिखाई देने लगते है |

6. बकरी का घी: लिँग को पुष्ट, बलवान एवं मोटा करने के लिए नित्य रात्रि में सोते समय बकरी के दूध से निकाला हुआ घी मालिश करने से अच्छे परिमाण मिलते है | यह उपाय बहुत ही साधारण है लेकिन उपाय लाभदायक है |

7. चमेली के तेल से बढ़ता है लिँग: यह बहुत ही आसान एवं साधारण सा आयुर्वेदिक उपाय है | इसे कोई भी बिना किसी खर्चे के कर सकता है | बाजार से चमेली का तेल एवं इस्बंद ले आयें | अब चमेली के तेल में इस्बंद पीसकर, रोज लिँग पर लगाने से लिंग के साइज़ में वृद्धि होती है एवं जननांग लम्बा और मौटा बनता है |

8. थूहर एवं गाय का दूध है लिँग बढ़ाने की आयुर्वेदिक: दवा के रूप में इस आयुर्वेदिक तरीके को अपनाकर भी आप लिँग का साइज़ बढ़ा सकते है | थूहर एवं गाय के दूध को समान मात्रा में मिलाकर दिनभर धुप में रखें | रात्रि में इसमें थोडा सा तिल का तेल मिलाकर अंग पर मसाज करें | लिँग मोटा, लम्बा एवं बलवान बनता है |

9. दालचीनी एवं लौंग का तेल: दालचीनी एवं लौंग का तेल बाजार में आयुर्वेदिक मेडिकल स्टोर पर मिल जाता है | अगर आपका लिंग सुख कर सिकुड़ गया है और छोटा हो गया है तो यह उपाय बहुत कारगर है | इस उपाय को नित्य करने से लिँग का साइज़ बढ़ने लगता है | यह उपाय लिँग बढ़ाने की आयुर्वेदिक तरीका रूप में विख्यात है |

10. लौंग एवं बंगभस्म से बढ़ता है लिंग का आकार: लौंग एवं वंग भस्म को पान के रस में खरल करके इसकी पिष्टी जैसी तैयार कर लें | इस लेप को लिंग पर लगा कर 2 घंटे बाद गुनगुने जल से धो लें | इस आयुर्वेदिक तरीके को नित्य अपनाने से लिंग का साइज़ बढ़ने लगता है |

लिँग बढाने की 15 आयुर्वेदिक दवा शास्त्रोक्त

अगर आपको तनाव नहीं आता या साइज़ में कमी सिकुडन के कारण हो गई है तो निम्न शास्त्रोक आयुर्वेदिक दवाओं का प्रयोग करने से लाभ मिलता है | यहाँ हम कुछ चुनिन्दा एवं विशेषक वाजीकारक औषधीय योगों के बारे में एक सूचि उपलब्ध करवा रहें है जो लिँग बढाने की आयुर्वेदिक दवा के रूप में बाजार में आसानी से मिल जाती है |

इन लिँग बढाने की आयुर्वेदिक उपायों का प्रयोग आप वैद्य अनुसार करके अपने छोटे, टेढ़े एवं कमजोर लिंग को ठीक कर सकते है |

  1. अश्वगंधा पाक (Ashwagandha Pak)
  2. गोखरू पाक (Gokharu Pak)
  3. कौंच पाक (Kounch Pak)
  4. शतावरी पाक (Shatavari Pak)
  5. मुसली पाक (Musali Pak)
  6. बल्य पाक (Balya pak)
  7. वृह्नी गुटिका (Vrihani Gutika)
  8. कामसुधा योग (Kamsudha Yog)
  9. वृष्य घृतं (Vrishya Ghritam)
  10. कामिनीविद्रवान (Kamini Vidrawan)
  11. अकरकरा चूर्ण (Akarkara Churna)
  12. वंग भस्म (Vang Bhasma)
  13. कामदेव चूर्ण (Kamdev Churna)
  14. मकरध्वज वटी (Makardhwaj Vati)
  15. कामदेव घृत (Kamdev Ghrita)

FAQ | सामान्य सवाल – जवाब

लिंग की साइज़ बढ़ाने के लिए आयुर्वेद कैसे काम करता है ?

आयुर्वेद की औषधियाँ एवं तरीके लिंग के आकार को रक्त प्रवाह बढाकर, एवं मांसपेशियों की विकृति को दूर करके लाभ करता है |

लिंग बढ़ाने की आयुर्वेदिक दवा कौनसी है ?

अश्वगंधा, गोखरू, श्री गोपाल तेल एवं कामसुधा तेल लिंग बढ़ाने की प्रशिद्ध आयुर्वेदिक दवा है |

लिंग को मोटा एवं लम्बा बनाने में कौनसा तरीका बेहतरीन है ?

मोटापन एवं लम्बा बनाने के लिए श्री गोपाल तेल, चमेली का तेल एवं दालचीनी का तेल बेहतरीन आयुर्वेदिक तरीका है |

क्या लम्बा एवं मोटा लिंग स्त्रियों को संतुष्ट करता है ?

लिंग की साइज़ कोई आधार नहीं है | स्टैमिना एवं तनाव कितने समय तक रहता है ये दो बाते संभोग में संतुष्टि के लिए जिम्मेदार है |

2 thoughts on “लिँग बढाने की आयुर्वेदिक दवा एवं औषधीय तरीके | Ling Badhane ki Ayurvedic dawa or aushdhiya tarike

  1. Jassraj Singh says:

    Respected Sir/Mam, kya ladka paida krne ki koi dwayi sahi mein hoti hai,hum ne mor ke pankh ki dwayi mangwa khayi thi,woh bhi jis cow ke bachraa ho uske dudh ke sath,subah 4bje,par huyi Ladki. Aise hi logo ke kehne mein aa aa kar 5 Ladki ho gyi,jaise log kehte wahi se dawyi le lete,ab toh halaat yeh hai ke mann maar kar dil ko samjha liya hai ke hamare jiwan mein putar sukh nhi hai.2-3 abortion bhi karwaye tab bhi scan mein ladki thi, Ramdev ki bhi beta hone ki dwayi khayi magar koi labh nhi hua,bas binti yeh hai ke Aadmi toh,Ladka ho ya Ladki Khushi Khushi zindagi guzar le,par Lekin sabse badi baat aurat hi aurat ki dushman huyi padi hai aaj ke time mein aur wohi aurat ko majbor krti hai,risk baar baar lene ke liye,khandaan ka vasta dekar,kabhi yeh keh kar ladki paraya dhan hai,ek Ladka hona hi chahiye
    Kirpa mujhe batayein,mera marg darshan kre apki meharbaani hogi,Ladka kaise ho skta hai

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