Kounch Pak in Hindi | कौंच पाक के घटक द्रव्य एवं फायदे नुकसान

kounch Pak in Hindi : कौंच पाक आयुर्वेद की शास्त्रोक्त औषधि है , जिसका उपयोग शरीर में बल, वीर्य एवं ताकत को बढ़ाने के लिए किया जाता है | यह आयुर्वेद की पाक कल्पना की औषधि है | आयुर्वेद की पाक कल्पना की औषधियां बलकारक, आयु वर्द्धक एवं खाने में स्वादिष्ट होती है | अत: इनका सेवन रोगी आसानी से करता है |

इसे वाजीकारक औषधियों में गिना जाता है | यह शरीर में धातुओं की कमजोरी को दूर करती है अर्थात सातों धातुओं का वर्द्धन करती है | साथ ही स्फूर्ति एवं मर्दाना ताकत को बढ़ाने में उपयोगी है | कौंच पाक का अधकतर सेवन सर्दियों में करना फायदेमंद रहता है |

क्योंकि वाजीकारक औषधियां शीत ऋतू में अधिक लाभदायक होती है |

आज इस आर्टिकल में हम आपको कौंच पाक के बारे में सम्पूर्ण जानकारी उपलब्ध करवाएंगे | जैसे कौंच पाक कैसे बनता है ? इसके क्या फायदे है एवं घटक द्रव्य क्या है |

कौंच पाक

चलिए सबसे पहले जानते है कौंच पाक के घटक द्रव्य क्या है ?

कौंच पाक के घटक द्रव्य / Ingredients of Kounch Pak in Hindi

यहाँ निचे हमने कौंच पाक के घटक द्रव्य की सारणी उपलब्ध करवाई है | इससे आप आसानी से इस औषधि के घटक द्रव्य के बारे में जान सकते है |

  • कौंच के बीज – 1250 ग्राम
  • काली मुसली – 40 ग्राम
  • रस सिंदूर – 20 ग्राम
  • वंगभस्म – 20 ग्राम
  • लौह भस्म – 20 ग्राम
  • अगर – 20 ग्राम
  • जावित्री – 20 ग्राम
  • खुरासानी अजवायन – 20 ग्राम
  • लौंग – 20 ग्राम
  • अकरकरा – 20 ग्राम
  • जीरा – 20 ग्राम
  • पीपल – 20 ग्राम
  • तेजपता – 20 ग्राम
  • इलायची – 20 ग्राम
  • कपूर – 20 ग्राम
  • शीतल मिर्च – 20 ग्राम
  • समुद्र शोष – 20 ग्राम
  • करंज – 20 ग्राम (गिरी)
  • जायफल – 20 ग्राम
  • दूध – 10 लीटर
  • शहद – 640 ग्राम
  • घी – मावे से दुगनी मात्रा में
  • केशर – आवश्यकतानुसार

कौंच पाक कैसे बनाया जाता है ? / How is Kounch Pak Made

इसे बनाने के लिए सबसे पहले कौंक के बीजों को गाय के दूध में शोद्धित करके सुखा लिया जाता है | अच्छी तरह सूखने के पश्चात दूध में डालकर मावा निकाल लिया जाता है

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कौंच बीजों का शोधन

सर्वप्रथम कौंच के बीजों को गाय के दूध में डालकर अग्नि पर पकाया जाता है जब बीजों के खोल अलग दिखाई देने लगता है तब इसे आंच से उतर कर छिलके उतार कर सुखा लिया जाता है |

चूर्ण करना एवं मावा बनाना

अब सूखे हुए कौंच बीजों का महीन चूर्ण कर लेते है | इस चूर्ण को गाय के दूध में डालकर पकाया जाता है जब मावा तैयार हो जाता है तब निचे उतार लेते है |

घी में सेंकना एवं चासनी मिलाना

इस तैयार मावे को घी में पकाना होता है अत: मावे से दुगनी मात्रा में घी लेकर मन्दाग्नि (कम आंच) पर पाक करते है | पाक होने के पश्चात चासनी तैयार करके इसमें मिला दि जाती है |

अन्य औषधियों का चूर्ण मिलाना

चासनी मिलाने के पश्चात बाकी बचे सभी औषध द्रव्यों का महीन चूर्ण करके इसमें मिला लेते है एवं कलछी से लगातार मिलाकर चूर्ण स्वरुप कर लेते है |

शहद एवं सुगन्धित द्रव्य मिलाना

अंत में इस मिश्रण में ऊपर बताई गई मात्रा में शहद मिलाकर सुगन्धित द्रव्य जैसे केशर एवं कस्तूरी आदि मिलाकर पाक तैयार कर लेते है | इस प्रकार से कौंच पाक निर्माण होता है |

कौंच पाक के फायदे / Health Benefits of Kounch Pak

यह पाक धातु व्रद्धी एवं वीर्य पुष्टि के लिए अति उत्तम योग है | कमोतेजक गुणों से युक्त यह औषधि पुरुषों के लिए अत्यंत फायदेमंद होती है | साथ ही श्वास, खांसी, वात व्रद्धी एवं सुजन को दूर करती है | जिन पुरुषों में क्षीण वीर्य अर्थात वीर्य की कमी की समस्या है उनके लिए भी यह अत्यंत फायदेमंद आयुर्वेदिक पाक है | इन बिन्दुओं के माध्यम से आप इसके फायदे जान सकते है |

  • वीर्य पुष्टि के लिए कौंच पाक का सेवन करना फायदेमंद रहता है | यह वीर्य को गाढ़ा करने एवं इसकी मात्रा बढ़ाने का कार्य करती है |
  • शीघ्रपतन से पीड़ित व्यक्ति सर्दियों में नियमित इसका सेवन करने से समस्या से मुक्ति पा लेते है |
  • सभी धातुओं का पौषण करने में भी कौंच पाक लाभदायक है | यह सप्तधातुओं का वर्द्धन करके शरीर में वीर्य को बढाती है |
  • यौनेच्छा की कमी में भी फायदेमंद है | क्योंकि प्रकृति में उष्ण होने एवं वात नाशक होने के कारण लिंग की नशों को बल प्रदान करती है |
  • श्वांस एवं खांसी से पीड़ित व्यक्ति भी इस वाजीकरण रसायन का सेवन कर सकते है | यह खांसी को रोकने एवं श्वांस रोग को ठीक करने में सहयोगी साबित होती है |
  • शरीर में बढ़ी हुई अतिरिक्त वात को नष्ट करती है |
  • आयुर्वेद में इस औषधि को वृष्य माना गया है अर्थात यह आयु को बढ़ाने वाली है |
  • बुद्धि वर्द्धक होने के कारण बुद्धि का वर्द्धन करती है |
  • वीर्य दुष्टि में भी कौंच पाक का सेवन वैद्य परामर्श देते है | क्योंकि इसके घटक द्रव्य वीर्य का वर्द्धन करने वाले एवं शुक्राणुओं की संख्या बढ़ाने वाले होते है |
  • मूत्र सम्बन्धी विकार जैसे प्रमेह आदि में भी फायदेमंद है |

नुकसान / सावधानियां

निर्देशित मात्रा में कौंच पाक का सेवन कोई नुकसान नहीं देता | अधिक मात्रा में सेवन करने से शरीर में उष्णता बढ़ सकती है | सेवन से पहले आयुर्वेदिक वैद्य का परामर्श लेना चाहिए |

कौंच पाक सेवन की मात्रा एवं विधि

2 से 5 ग्राम की मात्रा में सुबह – शाम दूध के साथ करना चाहिए |

सामान्य सवाल – जवाब / FAQ about Kounch Pak

क्या कौंच पाक वजन बढाता है ?

जी हाँ कौंच पाक वजन बढ़ाने में उपयोगी है | इसका मुख्य घटक कौंच है जो गुणों में गुरु है | अत: यह औषधि बल्य है एवं वजन बढ़ाने में फायदेमंद है |

कौंच पाक क्या काम आता है ?

यह यौन कमजोरियों, शरीर को बल प्रदान करने, प्रमेह रोग, शीघ्रपतन, श्वांस, खांसी एवं वात व्रद्धी में काम आता है |

कौंच पाक की तासीर क्या है ?

इसकी तासीर गरम है | इसमें पड़ने वाले अधिकतर द्रव्य उष्ण वीर्य है अत: कौंच पाक की तासीर भी उष्ण होती है |

कितनी उम्र तक के व्यक्ति सेवन कर सकते है ?

इसे सभी उम्र के व्यक्ति सेवन कर सकते है | 18 वर्ष से लेकर 65 साल तक बुजुर्ग भी इसका सेवन कर सकते है |

धन्यवाद |

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